देवेंद्रराज सुथार

9 मई, 1540 ईसवी को राजस्थान के कुंभलगढ़ दुर्ग में पिता उदयसिंह की 33वीं संतान और माता जयवंताबाई की कोख से जन्मे मेवाड़ मुकुट-मणि...
संस्कार, मर्यादा, सम्मान, समर्पण, आदर, अनुशासन आदि किसी भी सुखी-संपन्न एवं खुशहाल परिवार के गुण होते हैं। कोई भी व्यक्ति...
मजदूरों का किसी भी देश के विकास एवं उन्नति में महत्वपूर्ण योगदान होता है। मजदूरों के बिना किसी भी देश में औद्योगिक...
28 फरवरी के दिन भौतिक विज्ञान के क्षेत्र में सर सीवी रमन यानी चंद्रशेखर वेंकटरमन ने 'रमन प्रभाव' की खोज की थी जिसने पूरे...
मेरा टीवी है अनमोल, खोल रहा दुनिया की पोल। इसमें चैनल एक हजार, इसके बिन जीवन बेकार। सूचना क्रांति के इस युग में टेलीविजन...
भारत के संदर्भ पत्रकारिता कोई एक-आध दिन की बात नहीं है, बल्कि इसका एक दीर्घकालिक इतिहास रहा है। प्रेस के अविष्कार को...
भारत में प्रतिवर्ष 14 नवंबर को प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता...
गुरु नानक देव का जन्म 15वीं सदी में उत्तरी पंजाब के तलवंडी गांव के एक हिन्दू परिवार में हुआ था। किंतु प्रचलित तिथि कार्तिक...
बाघों के साम्राज्य में डिजिटल कैमरे की घुसपैठ और पर्यटन की खुली छूट के कारण तस्कर आसानी से बाघों तक पहुंच रहे हैं और...
हाल ही में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने संसद के संयुक्त अधिवेशन को संबोधित कर 'एक देश एक चुनाव' की व्यवस्था को लागू करने...
हादसा के हृदय विदारक वीडियो और तस्वीर देखकर कोई भी व्यक्ति विचलित व व्यथित हो सकता है। लेकिन यह समझ से परे है कि कॉम्प्लेक्स...
परिवार एक ऐसी सामाजिक संस्था है जो आपसी सहयोग व समन्वय से क्रियान्वित होती है और जिसके समस्त सदस्य आपस में मिलकर अपना...
परियोजनाओं के नाम पर, किया जा रहा पृथ्वी को परेशान। कोई मेधा, कोई अरुंधति बन, दे दो उसे जीवनदान।
भारतीय संस्कृति में आध्यात्मिक गुरु को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। यहां तक कि हमारी
निःसंदेह, अच्छी सेहत ही सबसे बड़ा खजाना है। सेहत को लेकर कोई भी असावधानी किसी को भी मृत्यु के करीब ले जा सकती है। इसलिए...
भारत एक मूर्ख प्रधान देश है ! मूर्खता को लेकर हमारा इतिहास सदैव ही उज्ज्वल रहा है। हमारे यहां एक से बढ़कर एक मूर्ख पैदा...
राजस्थान संपूर्ण विश्व में अपने अदम्य साहस, पराक्रम, शौर्य, वीरता और बलिदान के लिए विख्यात है। इंग्लैंड के प्रसिद्ध...
होली शीत ऋतु की विदाई और ग्रीष्म ऋतु के आगमन का सांकेतिक पर्व है। प्रकृति के पांवों में पायल की छम-छम बसंत के बाद इस समय...
गौरतलब है कि देश की पहली महिला शिक्षक, समाज सेविका, मराठी की पहली कवियित्री और वंचितों की आवाज बुलंद करने वाली क्रांतिज्योति...
महिलाओं की शक्ति और संघर्ष को सलाम करने और उनके उत्कृष्ट कामों को सराहने के उद्देश्य से प्रत्येक साल 8 मार्च को 'अंतरराष्ट्रीय...