पं. प्रणयन एम. पाठक

पंडित प्रणयन एम. पाठक जाने-माने ज्योतिषाचार्य एवं हस्तरेखा विशेषज्ञ है।
एक समय शनिदेव भगवान शंकर के धाम हिमालय पहुंचे। उन्होंने अपने गुरुदेव भगवान शंकर को प्रणाम कर उनसे आग्रह किया, 'हे प्रभु!...
मंगलवारी मकर सक्रांति मंगली युवक-युवतियों के लिए विशेष शुभ फलदायी सिद्ध हो सकती है। यदि वे युवक-युवती जिन्हें मंगल...
लक्ष्मीजी ने सर्वप्रथम राजा बलि को बांधी थी। ये बात है तब की जब दानवेन्द्र राजा बलि अश्वमेध यज्ञ करा रहे थे। तब नारायण...
26 अगस्त 2018 के रक्षाबंधन पर्व के शुभ मुहूर्त। इन मुहूर्त के समय राखी बांधना बहुत ही फलदायी रहेगा...
चारों दिशाओं से सुख-संपत्ति और सम्मान पाना है तो जानें वास्तु के अनुसार कैसी हो भवन की दिशा।
जन्म कुंडली में बिना योगिनी के भविष्यवाणी की सफलता में संदेह बना रहता है। अत: किसी भी जातक को अपनी शुभ-अशुभ योगिनी की...
भविष्य में आपको कौन-कौन से रोग हो सकते हैं इसकी जानकारी हस्तरेखा के अनुसार हासिल की जा सकती है। आइए जानें यहां प्रस्तुत...
पुरुषोत्तम मास चल रहा है, हम सभी में जो भी किसी भी धर्म के आस्तिक हैं वह किसी न किसी देवता का व्रत अवश्य करते हैं। लेकिन...
स्वयं जाकर दिया हुआ दान उत्तम एवं घर बुलाकर दिया हुआ दान मध्यम फलदायी होता है।
आजकल व्रत का अर्थ ढेर सारा फलाहारी खाना और सजना-धजना, आराम करना मान लिया गया है जबकि शास्त्र में व्रत संबंधी नियम बताए...
किसी भी देवी-देवता के मंत्र की सिद्धि के लिए एक निश्चित माला का विशेष महत्व होता है अतः हमें मंत्र साधना के लिए विशेष...
प्रत्येक दिन की 1 देवी मतलब 9 द्वार वाले दुर्ग के भीतर रहने वाली जीवनी शक्तिरूपी दुर्गा के 9 रूप हैं-इनका 9 जड़ी-बूटियों...
जिस ग्रह की दशा के प्रभाव में हम होते हैं, उसकी स्थिति के अनुसार शुभाशुभ फल हमें मिलता है।
कलयुग में होने का एक ही फायदा है कि हम मंत्र जप कर बड़े-बड़े तप-अनुष्ठान का लाभ पा सकते हैं। मंत्र अगर गुरु ने दीक्षा देकर...
जिस ग्रह की दशा के प्रभाव में हम होते हैं, उसकी स्थिति के अनुसार शुभाशुभ फल हमें मिलता है। जब भी कोई ग्रह अपना शुभ या अशुभ...
जब भी कोई ग्रह अपना शुभ या अशुभ फल प्रबल रूप में देने वाला होता है, तो वह कुछ संकेत पहले से ही देने लगता है।
जब भी कोई ग्रह अपना शुभ या अशुभ फल प्रबल रूप में देने वाला होता है, तो वह कुछ संकेत पहले से ही देने लगता है।
जब भी कोई ग्रह अपना शुभ या अशुभ फल प्रबल रूप में देने वाला होता है, तो वह कुछ संकेत पहले से ही देने लगता है।
जिस ग्रह की दशा के प्रभाव में हम होते हैं, उसकी स्थिति के अनुसार शुभाशुभ फल हमें मिलता है। जब भी कोई ग्रह अपना शुभ या अशुभ...
हमारे ज्योतिष शास्त्र में नक्षत्र के अनुसार रोगों का वर्णन किया गया है। व्यक्ति की कुंडली में नक्षत्र अनुसार रोगों...