‘आप’ की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार एल्विस गोम्स ने घोषणापत्र को जारी किया, जिसमें कहा गया है, 'समुद्र तटों पर महिलाओं के लिए महिला लाइफगार्ड, चेंजिग कक्ष और शौचालयों को सुनिश्चित किया जाएगा। ' महिलाओं के लिए गरिमा का ऐलान करते हुए पार्टी ने कहा कि सामुदायिक न्याय केंद्रों की स्थापना की जाएगी, ताकि परामर्श के लिए सुरक्षित, सुलभ और गरिमापूर्ण मंच तथा निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध हो पाए।
लेकिन एल्विस गोम्स के खिलाफ एक कथित आवासीय घोटाले में शामिल होने के आरोप लगाए जा रहे हैं और विभिन्न जांच एजेंसियों ने उनके खिलाफ जांच भी शुरू दी है इसलिए संभावना है कि गोम्स के स्थान पर किसी अन्य को मुख्यमंत्री की कुर्सी का दावेदार बनाया जा सकता है। गौरतलब है कि गोम्स एक पूर्व आईएएस अधिकारी हैं और वे कनकोलिम विधानसभा चुनाव क्षेत्र से अपना नामांकन भी दाखिल कर चुके हैं।
हालांकि गोम्स का कहना है कि उन्हें पूछताछ के नाम पर प्रताडि़त किया जा रहा है और पार्टी ने उनकी भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ्तारी की संभावना भी जताई है। ऐसी हालत में दिल्ली में पार्टी के नेता आशुतोष ने इस बात की आशंका भी जताई है कि गोम्स को गिरफ्तार की किया जा सकता है। उनका कहना है कि इसके पीछे रक्षा मंत्री मनोहर परिक्कर और उनके खास मुख्यमंत्री पारसेकर का हाथ है, जो कि गोम्स को फंसाने का षडयंत्र कर रहे हैं।
आम आदमी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में तटीय राज्य में 5 महिला थाने बनाने का वादा भी किया। पार्टी ने हफ्ते के सातों दिन और 24 घंटे विश्वस्तरीय बस सेवा, निःशुल्क वाई-फाई जोन, निःशुल्क साफ पानी और बिजली के बिल को 50 फीसदी तक कम करने का आश्वासन दिया है।