- बोगस फर्मों पर बड़ी कार्रवाई, 345 एफआईआर दर्ज, 2166 करोड़ की आईटीसी गड़बड़ी पकड़ी
- जीएसटी 2.0 के तहत दरों के युक्तिकरण और प्रक्रियाओं के सरलीकरण पर विशेष ध्यान
- जीएसटी सुधार, ई-इनवॉइस और रिटर्न फाइलिंग से बढ़ी पारदर्शिता
Uttar Pradesh News : योगी सरकार ने पिछले 9 वर्षों में राजस्व संग्रह के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। इसी क्रम में राज्य कर विभाग ने फरवरी माह में 9,731 करोड़ रुपए का राजस्व संग्रह कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 352 करोड़ रुपए अधिक है। वहीं चालू वित्तीय वर्ष में अब तक कुल 1,03,779 करोड़ रुपए का राजस्व प्राप्त किया गया है, जो बीते वर्ष की समान अवधि से 402 करोड़ रुपए ज्यादा है। योगी सरकार द्वारा जीएसटी दरों के युक्तिकरण, कर प्रणाली के सरलीकरण और तकनीक आधारित पारदर्शी व्यवस्था से राजस्व में वृद्धि हुई है।
इन कार्यक्रमों में जीएसटी सुधार, रिटर्न फाइलिंग, ई-इनवॉइस और ई-वे बिल जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। मुख्यालय स्तर पर जीएसटी हितधारकों और विभिन्न व्यापारिक संगठनों के साथ भी बैठकें की गईं। इसके अतिरिक्त जोन स्तर पर अधिकारियों और व्यापारिक प्रतिनिधियों के बीच समन्वय बैठकें आयोजित कर समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया गया।
न्यायिक आदेशों के अनुपालन और समीक्षा की प्रक्रिया को भी डिजिटल माध्यम से पायलट आधार पर शुरू किया गया है। इससे पारदर्शिता बढ़ी और मानव हस्तक्षेप की संभावना कम हुई। राजस्व हानि रोकने के लिए बोगस फर्मों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया गया। विभाग ने 2,166 करोड़ रुपए की फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) गड़बड़ी का खुलासा किया।
इस मामले में कुल 345 एफआईआर दर्ज की गईं, जिनमें 228 केंद्रीय स्तर और 117 राज्य स्तर की कार्रवाई शामिल है। इसके अलावा 86 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई तथा 137 करोड़ रुपए की आईटीसी को ब्लॉक किया गया। प्रवर्तन और विशेष अन्वेषण इकाइयों की सक्रियता के चलते अब तक 1,642 करोड़ रुपए से अधिक की धनराशि जमा कराई गई है।
वहीं राज्य कर विभाग ने अधिकारियों के लिए दक्षता संवर्धन कार्यक्रम भी चलाए हैं। वर्ष 2025-26 में विभिन्न विषयों जैसे न्याय निर्णय, टैक्स ऑडिट और प्रवर्तन पर 55 सत्र आयोजित किए गए, जिनमें 1,424 अधिकारियों को प्रशिक्षित किया गया। योगी सरकार की पारदर्शिता, तकनीकी नवाचार, सख्त प्रवर्तन और संवाद आधारित नीति के समन्वय से राज्य कर विभाग ने उल्लेखनीय परिणाम हासिल किए।
Edited By : Chetan Gour