योगी सरकार के डिजिटल विजन को मिलेगी नई रफ्तार, 'प्रोजेक्ट गंगा' से प्रदेश में हाई स्पीड ब्रॉडबैंड का होगा विस्तार

वेबदुनिया न्यूज डेस्क

सोमवार, 9 मार्च 2026 (00:15 IST)
- स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन और ओआईएल के बीच सोमवार को होगा बड़ा एमओयू
- न्याय पंचायत स्तर पर 8-10 हजार स्थानीय उद्यमी बनेंगे डिजिटल सेवा प्रदाता
- प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता और आधुनिक तकनीक से सशक्त किए जाएंगे उद्यमी
- डिजिटल सेवा प्रदाताओं में 50 प्रतिशत भागीदारी महिलाओं की होगी
- 20 लाख घरों तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचाने का लक्ष्य
- प्रदेश में बड़े पैमाने पर सृजित होंगे रोजगार
Uttar Pradesh News : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार डिजिटल कनेक्टिविटी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रही है। इसी क्रम में सोमवार को स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन, उत्तर प्रदेश की पहल पर ‘प्रोजेक्ट गंगा’ के तहत प्रदेश में हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी के विस्तार के लिए महत्वपूर्ण एमओयू साइन किया जाएगा। लखनऊ के होटल रेनेसां में आयोजित कार्यक्रम में स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन, उत्तर प्रदेश और वनओटीटी इंटरटेनमेंट लि. (ओआईएल-हिंदुजा ग्रुप लि. की सहायक कंपनी) के बीच औपचारिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) का आदान-प्रदान होगा। इस कार्यक्रम में प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।
 

गांवों में तेज और सुलभ होगी इंटरनेट की पहुंच

‘प्रोजेक्ट गंगा’ का उद्देश्य प्रदेश के ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में डिजिटल कनेक्टिविटी को मजबूत करना है। इस पहल के तहत न्याय पंचायत स्तर पर 8,000 से 10,000 स्थानीय उद्यमियों को स्वतंत्र डिजिटल सेवा प्रदाता (डीएसपी) के रूप में कार्य करने के लिए सक्षम बनाया जाएगा।
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ये उद्यमी स्थानीय स्तर पर हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड सेवाएं उपलब्ध कराएंगे, जिससे गांवों में इंटरनेट की पहुंच तेज और सुलभ होगी। इस पहल से बड़े पैमाने पर प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के अवसर सृजित होंगे, जिसकी मदद से स्थानीय युवाओं को उनके अपने ही क्षेत्र में नए अवसर प्राप्त होंगे। 
 

महिला उद्यमियों को मिलेगा बड़ा अवसर

इस परियोजना की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह है कि डिजिटल सेवा प्रदाताओं (डीएसपी) में लगभग 50 प्रतिशत भागीदारी महिलाओं की सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में महिला उद्यमिता को नई पहचान और अवसर मिलेंगे, साथ ही महिलाएं डिजिटल सेवाओं के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त होकर डिजिटल अर्थव्यवस्था की मुख्य धारा से जुड़ सकेंगी। यह पहल न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाएगी, बल्कि गांवों में नारी शक्ति को तकनीक और उद्यमिता से जोड़ने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
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20 लाख घरों तक पहुंचेगा हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड

परियोजना के तहत अगले 2 से 3 वर्षों में प्रदेश के 20 लाख से अधिक घरों तक हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इससे ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में तेज, सुलभ और भरोसेमंद इंटरनेट की पहुंच मजबूत होगी, जिससे ऑनलाइन शिक्षा, डिजिटल सेवाएं, ई-गवर्नेंस और रोजगार के नए अवसरों को भी गति मिलेगी।
 

डिजिटल उत्‍तर प्रदेश के विजन को मिलेगा बल

परियोजना के अंतर्गत चयनित डिजिटल सेवा प्रदाताओं को प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता, नेटवर्क निर्माण और आधुनिक तकनीकी सक्षमता जैसी संरचित सहायता प्रदान की जाएगी, ताकि वे अपने क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं का मजबूत नेटवर्क विकसित कर सकें। यह पहल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘डिजिटल उत्तर प्रदेश’ के विजन को आगे बढ़ाने के साथ-साथ ई-गवर्नेंस, ऑनलाइन शिक्षा, टेलीमेडिसिन और डिजिटल सेवाओं के विस्तार में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
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कार्यक्रम में स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन के सीईओ मनोज कुमार सिंह, हिंदुजा ग्रुप के प्रतिनिधि तथा परियोजना से जुड़े अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहेंगे और ‘प्रोजेक्ट गंगा’ की रूपरेखा तथा इसके संभावित प्रभावों पर अपने विचार साझा करेंगे।
Edited By : Chetan Gour

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