17 अप्रैल 2026, शुक्रवार का पंचांग और शुभ मुहूर्त नीचे दिया गया है। आज वैशाख मास की अमावस्या तिथि है। स्नान-दान और पितृ कार्यों के लिए आज का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण है।
17 अप्रैल 2026: आज का पंचांग
तिथि: अमावस्या - रात 10:20 पीएम तक, उसके बाद प्रतिपदा (शुक्ल पक्ष)।
मास: वैशाख (कृष्ण पक्ष समाप्त)।
वार: शुक्रवार।
नक्षत्र: अश्विनी - रात 06:21 एएम (18 अप्रैल) तक, उसके बाद भरणी।
योग: विष्कुंभ - रात 12:20 एएम (18 अप्रैल) तक, उसके बाद प्रीति।
करण: चतुष्पद - सुबह 09:02 एएम तक, फिर नाग।
चंद्र राशि: मेष (पूरा दिन-रात)।
सूर्य राशि: मेष (उच्च राशि में)।
आज के शुभ और अशुभ समय
अभिजीत मुहूर्त (सबसे शुभ)-11:43 एएम से 12:34 पीएम
अमृत काल- 11:32 पीएम से 01:21 एएम (18 अप्रैल)
ब्रह्म मुहूर्त-04:14 एएम से 05:01 एएम
राहुकाल (अशुभ समय)-10:43 एएम से 12:19 पीएम
यमगण्ड- 03:32 पीएम से 05:08 पीएम
गुलिक काल-07:31 एएम से 09:07 एएम
आज के मुख्य उत्सव और महत्व:
वैशाख अमावस्या (स्नान-दान): आज अमावस्या का मुख्य दिन है। सुबह किसी पवित्र नदी में स्नान करना और पितरों के नाम पर तर्पण या दान करना अक्षय पुण्य प्रदान करता है।
शुक्रवार और अमावस्या का संयोग: शुक्रवार लक्ष्मी जी का दिन है और अमावस्या तिथि लक्ष्मी प्राप्ति के प्रयोगों के लिए सिद्ध मानी जाती है। आज "महालक्ष्मी अष्टकम" का पाठ करना श्रेष्ठ है।
गण्डमूल नक्षत्र: आज अश्विनी नक्षत्र होने के कारण गण्डमूल दोष रहेगा। इस नक्षत्र में जन्मे जातकों की शांति पूजा का विचार करना चाहिए।
वैशाख शुक्ल पक्ष की शुरुआत: आज रात से वैशाख मास का शुक्ल पक्ष (चन्द्रमा की बढ़ती कलाएं) शुरू हो जाएगा।