इंदौर के लसूड़िया क्षेत्र में स्थित शिव वाटिका सोसायटी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर शंपा पाठक पांडे की हत्या ने पूरे इंदौर को हिला के रख दिया है। इस मर्डर का जिसने भी वीडियो देखा वो दहल उठा। एक मामूली विवाद में पिता और पुत्र ने इंफोसिस की महिला सॉफ्टवेअर इंजीनियर को कार से बेरहमी से रौंद दिया। इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
हत्या को लेकर इंदौर की जनता और रहवासियों में जबरदस्त गुस्सा है। आम जनता का कहना है कि ऐसे जघन्य मामलों में आरोपियों को कठोरतम दंड नहीं मिला तो समाज में अपराधियों के हौसले और अधिक बुलंद होंगे। वीडियो देखने के बाद लोग कांप उठे। लोगों का कहना है कि आरोपी बाप बेटे को फांसी से कम कुछ नहीं मिलना चाहिए।
क्या है हत्या का पूरा मामला : बता दें कि इंदौर के लसूड़िया क्षेत्र में बुधवार रात एमआर-11 स्थित सागर टाउनशिप के समृद्धि एन्क्लेव में यह घटना हुई। इस घटना में इंफोसिस में कार्यरत सॉफ्टवेयर इंजीनियर शंपा पाठक (पांडे) की मौत हो गई। मृतका शंपा अपने पति सौरभ और दो नन्हे बच्चों के साथ इसी महीने 13 मार्च को इस बिल्डिंग में रहने आई थीं। एक पेंटहाउस को लेकर आरोपी कुलदीप चौधरी से कई दिनों से विवाद चल रहा था। हालांकि विवाद बहुत बड़ा नहीं था। लेकिन बुधवार रात बात बढ़ गई और इस दौरान आरोपी कुलदीप चौधरी और उसके बेटे ने महिला को कार से रौंद दिया। बताया जा रहा है कि विवाद बहुत मामूली था, लेकिन बाप-बेटे ने इंफोसिस की महिला इंजीनियर शंपा पाठक पांडे को कार से रौंद दिया। इस हादसे में उनकी मौत हो गई। वहीं, कॉलोनी के दो रहवासी घायल हो गए हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। इसके साथ ही घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है।
क्या कहते हैं रहवासी : यहां रहने वाले लोगों ने बताया कि क्षेत्रों में फ्लैट, मकानों के व्यावसायिक उपयोग की लगातार शिकायतें आती रहती हैं। कई लोग एक से अधिक प्रॉपर्टी लेकर उसे किराए पर दे देते हैं या फिर वहां पर होटल, रेस्टोरेंट या हॉस्टल का संचालन करते हैं। इससे आसपास के रहवासियों का जीना मुश्किल हो गया है। इंदौर में पढ़ने और नौकरी करने वाले स्टूडेंट्स और युवाओं को भी बिना किसी जांच-पड़ताल के किराए की जगह दे दी जाती है, जिससे कई बार वहां बड़े अपराध घटित हो जाते हैं। पुलिस लगातार इससे जुड़ी एडवाइजरी जारी करती है, लेकिन इसके बावजूद प्रॉपर्टी ब्रोकर्स और प्रॉपर्टी का व्यवसाय करने वाले निरंकुश होकर रहवासी क्षेत्रों में नियम विरुद्ध कार्य करते हैं।
पेंट हाउस को लेकर था विवाद : रहवासियों के अनुसार, बिल्डिंग में रहने वाले कुलदीप चौधरी और उनके बेटे ने बिल्डर मुकेश बाहेती से दो पेंटहाउस खरीदे थे। यहां वे Airbnb के जरिए रूम किराए पर दे रहे थे, जिसका सोसायटी के लोग विरोध कर रहे थे। बता दें कि यह विवाद कई दिनों से चल रहा था। स्थानीय पार्षद ने इसे सुलझाने की भी कोशिश की थी।
13 मार्च को ही आई थी यहां : हादसे में जान गंवाने वाली शंपा पाठक इंफोसिस में सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं। उनके पति सौरभ भी इसी क्षेत्र में काम करते हैं। दंपति के दो छोटे बच्चे हैं। बताया जा रहा है कि परिवार 13 मार्च को ही इस बिल्डिंग में रहने आया था।
Edited By: Naveen R Rangiyal