लगातार तीसरे दिन गिरावट, सेंसेक्स 233 अंक लुढ़का, निफ्टी भी टूटा

शुक्रवार, 25 मार्च 2022 (19:08 IST)
मुंबई। शेयर बाजारों में शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन गिरावट रही और बीएसई सेंसेक्स 233 अंक के नुकसान में रहा। इसी प्रकार निफ्टी 69.75 अंक यानी 0.40 प्रतिशत की गिरावट के साथ 17,153 अंक पर बंद हुआ।

भू-राजनीतिक तनाव, जिंसों की ऊंची कीमत और ब्याज दर बढ़ने की चिंता के बीच टिकाऊ उपभोक्ता, दैनिक उपयोग का सामान बनाने वाली कंपनियों, बैंक और आईटी शेयरों में मुनाफावसूली से बाजार नीचे आया। तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 233.48 अंक यानी 0.41 प्रतिशत की गिरावट के साथ 57,362.20 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 495.44 अंक लुढ़ककर 57,100.24 पर खिसक गया था।

इसी प्रकार नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 69.75 अंक यानी 0.40 प्रतिशत की गिरावट के साथ 17,153 अंक पर बंद हुआ। इस तरह शेयर बाजार लगातार दूसरे सप्ताह नुकसान में रहा। कारोबारी सप्ताह के अंत में सेंसेक्स 501 अंक जबकि एनएसई निफ्टी 134 अंक नीचे आया।

जुलियस बेअर के कार्यकारी निदेशक मिलिंद मुचाला ने कहा, भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का दौर जारी है। वैश्विक मोर्चे  पर खासकर भू-राजनीतिक स्थिति तथा फेडरल रिजर्व के फिर से नीतिगत दर बढ़ाने की खबरों को लेकर बाजार में प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। बाजार के लिए अल्पकाल में दो प्रमुख चुनौतियां मुद्रास्फीति दबाव का बने रहना और बांड प्रतिफल में तेजी है।

सेंसेक्स के तीस शेयरों में टाइटन में सर्वाधिक 3.59 प्रतिशत की गिरावट आई। वहीं टेक महिंद्रा (2.35 प्रतिशत), मारुति सुजुकी इंडिया (1.79 प्रतिशत), विप्रो (1.18 प्रतिशत) नीचे आए। इसके अलावा एचडीएफसी बैंक (0.76 प्रतिशत), टीसीएस (1.12 प्रतिशत) और इन्फोसिस (0.55 प्रतिशत) भी नुकसान में रहे।

इनके अलावा आईसीआईसीआई बैंक, नेस्ले इंडिया, टीसीएस, लार्सन एंड टूब्रो, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टाटा स्टील और आईटीसी में भी गिरावट रही। दूसरी तरफ, लाभ में रहने वाले शेयरों में डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज (0.77 प्रतिशत), एशियन पेंट्स (0.76 प्रतिशत), रिलायंस इंडस्ट्रीज लि. (0.73 प्रतिशत) प्रमुख रूप से शामिल हैं। इसके अलावा, भारती एयरटेल, भारतीय स्टेट बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक भी लाभ में रहे।

जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, बाजार में 10 प्रतिशत की हालिया तेजी के बाद गिरावट देखी जा रही है। इसका कारण जिंसों के दाम में तेजी, मौद्रिक नीति को सख्त किए जाने की आशंका और मुद्रास्फीति दबाव है। घरेलू बाजार में मजबूती दिख रही है, लेकिन यह प्रवृत्ति बनी रहती है या नहीं, यह युद्ध के परिणाम और जिंसों के दाम पर निर्भर करेगा।

एशिया के अन्य बाजारों में चीन में शंघाई कंपोजिट सूचकांक और हांगकांग का हैंगसेंग नुकसान में, जबकि जापान का निक्की और दक्षिण कोरिया का कॉस्पी मामूली लाभ में रहे। अमेरिकी शेयर बाजार बृहस्पतिवार को बढ़त के साथ बंद हुआ था।

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड का भाव 1.44 प्रतिशत की गिरावट के साथ 117.32 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने बृहस्पतिवार को 1,740.71 करोड़ रुपए मूल्य के शेयर बेचे।(भाषा)

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