इंदौर में इंफोसिस की सॉफ्टवेअर इंजीनियर शंपा पाठक हत्याकांड पर लोगों में आक्रोश है। लोगों ने पुलिस से मांग की है कि उन्हें न्याय मिलना चाहिए और पुलिस अधिकारियों से कहा कि इस क्रूरता के लिए आरोपियों के हाथ पैर तोड़ देना चाहिए।
बता दें कि सोमवार को इंजीनियर शम्पा पाठक हत्याकांड के आरोपी पिता कुलदीप और उसके पुत्र मोहनीश को पुलिस घटनास्थल पर ले गई। पुलिस ने आरोपियों के साथ घटनास्थल का मुआयना किया। इस दौरान रहवासियों में आक्रोश था। वे पुलिस टीम से आरोपियों के हाथ-पैर तोड़ने की मांग करने लगे। बता दें कि शिव वाटिका (एमआर-11) स्थित सागर समृद्धि में आरोपी मोहनीश चौधरी (जाट) ने अपने पिता कुलदीप के इशारे पर 42 वर्षीय शम्पा की कार से कुचलकर हत्या कर दी थी।
रहवासियों ने की न्याय की मांग : जब पुलिस आरोपियों के साथ घटनास्थल पर पहुंची तो रहवासी काफी गुस्से में नजर आए। रहवासी इतने गुस्से में थे कि उन्होंने पुलिस से आरोपियों के हाथ पैर तोडने की मांग कर डाली। पुलिस ने पडोसियों से चर्चा की। इसके साथ ही पुलिस ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। रहवासी इस दौरान बैनर लेकर और नारेबाजी करते हुए पुलिस के पास पहुंचे।
क्या बताया आरोपियों ने : पुलिस की पूछताछ में मोहनीश ने बताया कि उसके पिता कुलदीप टाउनशिप में आए थे। लाइट बंद करने पर विवाद हुआ था। शम्पा के पति सौरभ पांडे के साथ मारपीट हुई थी। उस वक्त वह कार लेकर गेट के समीप खड़ा था। जैसे ही कुलदीप ने काल कर बुलाया, मोहनीश आ गया। उसने पहले चौकीदार जितेंद्र की पत्नी रानू को टक्कर मारी और फिर शम्पा को रौंदते हुए फरार हो गया। आरोपियों को कड़ी सुरक्षा में ले जाया गया था। रहवासी भी बाहर आ गए और गुस्से में जूते मारने की धमकी दी। उन्होंने आरोपियों के हाथ-पैर तोड़ने की मांग की। स्थिति बिगड़ती देख पुलिसकर्मी रवाना हो गए। इसके बाद दोनों को कोर्ट पेश कर दिया गया।
रहवासियों ने की फांसी की मांग : इस दौरान टाउनशिप में रहने वाली महिलाएं भी आ गईं। उनके हाथों में बैनर और पोस्टर थे। महिलाओं ने आरोपियों को फांसी की सजा देने की मांग की। उन्होंने कहा कि आरोपियो ने एक पूरा परिवार उजाड़ दिया। शम्पा तो दूर खड़ी थी। उसे कार से कुचलकर बेरहमी से मारा गया है।
विदेशी महिलाएं हिजाब पहनकर आती थीं : रहवासियों ने तकरीबन रोते हुए पुलिस को बताया कि सिरफिरे बाप-बेटे के चक्कर में दो मासूम बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इनके पेंट हाउस में होने वाली अवैध गतिविधियों की भी जांच की जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यहां अक्सर विदेशी महिलाएं हिजाब पहनकर आती थीं। इसे लेकर कई बार विवाद हो चुके हैं। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पेंटहाउस में किस तरह के लोग आते-जाते थे।
क्या है पूरा मामला : इंदौर में हादसे में जान गंवाने वाली शंपा पाठक इंफोसिस में सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं। उनके पति सौरभ भी इसी क्षेत्र में काम करते हैं, दंपति के दो छोटे बच्चे हैं। परिवार 13 मार्च को ही इस बिल्डिंग में रहने आया था। बिल्डिंग में रहने वाले कुलदीप चौधरी और उनके बेटे मोहनीश ने बिल्डर मुकेश बाहेती से दो पेंटहाउस खरीदे थे। यहां वे Airbnb के जरिए रूम किराए पर दे रहे थे, जिसका सोसायटी के लोग विरोध कर रहे थे। यहां विदेशी युवतियां भी आती थीं। इन्हीं सब को लेकर रहवासी विरोध कर रहे थे। इसी विवाद के दौरान शंपा पाठक को आरोपियों ने कार से कुचल दिया। जिससे उनकी मौत हो गई।
Edited By: Naveen R Rangiyal