नरेन्द्र मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें...

शनिवार, 31 दिसंबर 2016 (21:01 IST)
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के राष्ट्र के नाम संबोधन पर सभी लोग निगाहें गड़ाए हुए थे। सबको उम्मीद थी वे बैंकों में निकासी की सीमा बढ़ाने की घोषणा कर सकते हैं, लेकिन उन्होंने उम्मीदों के विपरीत गरीब, निम्न मध्यम वर्ग, मध्यम वर्ग, महिलाएं, वरिष्ठ नागरिक, किसान, ग्रामीणों के लिए घोषणाओं की बौछार कर दी। आइए जानते हैं नरेन्द्र मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें...
1. प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर खरीदने के लिए दो योजनाओं की घोषणा की। 2017 से घर बनाने के लिए 9 लाख रुपए के कर्ज पर 4 प्रतिशत एवं 12 लाख के कर्ज पर 3 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। ग्रामीण इलाकों में 35 प्रतिशत ज्यादा घर बनाए जाएंगे, साथ गांवों में मकान बनाने या नवनिर्माण के लिए 2 लाख तक के कर्ज पर 3 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। 
 
2. अगले तीन महीने में 3 करोड़ किसान क्रेडिट कार्डों को रूपे कार्ड में बदला जाएगा। इससे किसान कहीं भी खरीद और बिक्री कर सकेंगे। किसानों द्वारा जिला सहकारी बैंकों और प्राथमिक सामितियों से रबी फसल की खातिर लिए गए ऋण पर सरकार 60 दिन का ब्याज देगी नाबार्ड ने पिछले महीने 21 हजार करोड़ रुपए की व्यवस्था की थी। सरकार ने इसे लगभग दोगुना करते हुए 41 हजार करोड़ रुपए कर रही है। नाबार्ड को होने वाले नुकसान की भरपाई सरकार करेगी। मोदी ने कहा कि गांव, गरीब, किसान, शोषित, वंचित और महिलाएं जितने सशक्त होंगे, देश उतना ही मजबूत बनेगा। 
 
3. छोटे कारोबारियों के लिए क्रेडिट गारंटी एक करोड़ से बढ़ाकर 2 करोड़ रुपए की जाएगी। भारत सरकार एक ट्रस्ट के माध्यम से बैंकों को यह गारंटी देगी कि वह छोटे व्यापारियों को लोन दें। दो करोड़ रुपए तक का लोन क्रेडिट गारंटी से कवर होगा। एमपीएफसी का लोन भी इसके तहत कवर होगा। इससे छोटे उद्योगों को ज्यादा कर्ज मिलेगा। 
 
4. गर्भवती महिलाओं के लिए एक देशव्यापी योजना की शुरुआत। 650 से ज्यादा जिलों में सरकार डिलेवरी, टीकाकरण और पौष्टिक आहार के लिए  6000 रुपए की मदद करेगी। यह राशि सीधे गर्भवती महिलाओं के खाते में जमा होगी। इससे माताओं और शिशुओं की मृत्यु दर घटाने में मदद मिलेगी। 
 
5. वरिष्ठ नागरिकों को 10 साल के लिये 7.5 लाख रुपए तक की जमा पर 8 प्रतिशत ब्याज की गारंटी होगी। ब्याज का भुगतान मासिक किया जाएगा। 
 
6. बैंक कर्मचारियों की पीठ ठोंकते हुए मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद बैंक कर्मचारियों ने दिन रात काम किया। इनमें महिला कर्मचारी भी शामिल थीं। इस दौरान बैंक के कुछ कर्मचारियों ने गंभीर अपराध भी किए, इन्हें बख्शा नहीं जाएगा। उनका इशारा बैंकों में अवैध रूप से बदली गई नकदी के बारे में था। उन्होंने कहा कि बेईमानों को मुख्‍य धारा में आना ही होगा। 
 
7. नोटबंदी के बाद 125 करोड़ देशवासियों ने कष्ट उठाकर यह साबित कर दिया कि  हर हिन्दुस्तानी के लिए सच्चाई और अच्छाई कितनी अहमियत रखती है। देश ऐतिहासिक शुद्धि का साक्षी बना और लोगों ने धैर्य से काम लिया। सभी ने आतंकवाद, कालाधन और जाली नोटों के खिलाफ इस लड़ाई में अपना समर्थन व्यक्त किया। 
 
8. आतंकवादी, भ्रष्टाचारी, हथियारों के व्यापार में लगे लोग कालेधन पर निर्भर रहते हैं और नोटबंदी के फैसले के बाद इन सब पर गहरी चोट पहुंची है। इसके बाद युवा हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्‍य धारा में लौट रहे हैं। 
 
9. बैंकों से कहा गया है कि डिजिटल पेमेंट पर वर्किंग कैपिटल लोन 20 से 30 प्रतिशत किया जाए।
 
10. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लोकसभा चुनाव और विधानसभा चुनाव साथ साथ कराने की वकालत की। इससे खर्च भी कम होगा। उन्होंने कहा कि इस पर सार्थक बहस हो एवं रास्ता खोजा जाना चाहिए।

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