गुरुपर्व के मौके पर देश के अधिकांश हिस्सों में सोमवार को बैंक बंद होने के चलते नकदी के लिए परेशान लोगों की एटीएम के बाहर लंबी-लंबी कतारें देखी जा सकती हैं। लोग सुबह से ही एटीएम के बाहर पहुंच गए, लेकिन सीमित नकदी के चलते बहुत कम लोगों को ही सफलता मिली है।
देश के कई हिस्सों में एटीएम और बैंकों के बाहर लोगों के बीच हाथापाई और तीखी बहसें होने की भी खबर है। रेस्तरां मालिक, छोटे व्यापारी, ट्रांसपोर्टर इत्यादि की हालत चिंताजनक है क्योंकि उनकी नकदी पर निर्भरता बहुत अधिक है। भारी भीड़ के चलते बैंक भी पूरी तरह सेवाएं देने में असमर्थ हैं।
सरकार के निर्देश देने के बाद बैंकों ने दिव्यांगों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग से प्रबंध करने शुरू कर दिए हैं। लोगों को थोड़ी राहत देते हुए सरकार ने बैंकों से और एटीएम से नकदी निकालने की पाबंदियों में थोड़ी राहत दी है। इसके साथ ही चलन से बाहर हो चुके पुराने नोटों को बदलने की सीमा को भी थोड़ा बढ़ाया गया है।
गौरतलब है कि मंगलवार रात को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 500 और 1000 के पुराने नोटों के चलन पर पाबंदी की घोषणा की थी। वित्त मंत्रालय द्वारा समीक्षा किए जाने के बाद अब चलन से बाहर हो चुके 500 और 1000 के पुराने नोटों को नए नोटों से बदलने की सीमा को 4000 रुपए प्रतिदिन से बढ़ाकर 4500 रुपए प्रतिदिन कर दिया गया है। इसके अलावा एटीएम से नकदी निकालने की सीमा को 2000 रुपए प्रतिदिन से बढ़ाकर 2500 रुपए प्रतिदिन कर दिया गया है। (भाषा)