Trump Tariff effect on US Share Market : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा दुनिया भर के देशों पर लगाए रेसिप्रोकल टैरिफ से अमेरिकी शेयर बाजार में हाहाकार मच गया। निवेशकों में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते नैस्डेक, डाओ जोंस और एसएंडपी ने निवेशकों को कोरोना काल की याद दिला दी। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ की घोषणा के बाद अमेरिकी शेयर बाजार में 2020 के बाद से सबसे बड़ी एक दिन में गिरावट दर्ज की गई।
मंदी की बढ़ती आशंका के बीच गुरुवार को अमेरिकी शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई। निवेशकों में घबराहट का माहौल है। डॉव जोन्स 1679.39 अंक या 3.98 फीसदी गिरकर 40,545.93 पर बंद हुआ। नैस्डैक इंडेक्स 1050.44 अंक या 5.97 फीसदी गिरकर 16,550.50 पर बंद हुआ जबकि एसएंडपी 500 इंडेक्स 274.45 अंक या 4.84 फीसदी गिरकर 5,396.52 पर बंद हुआ।
पिछले 2 दिनों में अमेरिकी बाजार 6% तक गिर गया। इससे मार्केट कैप करीब 2 ट्रिलियन डॉलर घट गया। ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग से जुड़ी एपल और नाइकी जैसी कंपनियों के शेयर 15% तक टूट गए। टैरिफ की वजह से ऑटो कंपनियों के शेयरों में भी गिरावट दिखाई दी। ट्रंप सरकार में मंत्री मस्क की कंपनियों के शेयरों में भी भारी नुकसान हुआ। टेस्ला के शेयर 3.5 फीसदी गिर गए।
बीएसई सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 591.05 अंक या 0.77 प्रतिशत की गिरावट के साथ 75,704.31 अंक पर आ गया। वहीं एनएसई निफ्टी 202.55 अंक या 0.87 प्रतिशत फिसलकर 23,047.55 अंक पर रहा। टाटा मोटर्स, टाटा स्टील, लार्सन एंड टुब्रो, रिलायंस इंडस्ट्रीज, मारुति सुजुकी इंडिया, इंडसइंड बैंक, इंफोसिस, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, एनटीपीसी, टेक महिंद्रा, सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज और अदाणी पोर्ट्स के शेयर नुकसान में रहे।
यूरोपीय बाजार भी बेहाल : ईयू पर लगे 20 फीसदी कर की वजह से यूरोपीय बाजारों में भी गिरावट देखी गई। यूके का FTSE 100 इंडेक्स 1.7% गिरकर 8,474 पर बंद हुआ, जो 8 महीनों में सबसे बड़ी एक दिन की गिरावट थी। फ्रांस का CAC 40 3.4% गिरकर 7,598 पर और जर्मनी का DAX 3% गिरकर 21,700 पर पहुंच गया। Stoxx 600 भी 3.9% नीचे बंद हुआ।